Jantar Mantar Protest: रो रहे छात्र! बहुत मा@रा, पुलिस ने जानवर समझा इन्हें! | Bharat Ek Nayi Soch
दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन उग्र, सोनम वांगचुक समेत कई चेहरे मैदान में
दिल्ली: राजधानी दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर आज एक बार फिर विरोध प्रदर्शनों का सैलाब उमड़ पड़ा है, जहाँ पर्यावरण और न्याय के मुद्दों को लेकर कई संगठन एक साथ आए हैं। प्रसिद्ध शिक्षाविद् और पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक इस प्रदर्शन का प्रमुख चेहरा बने हुए हैं, जिनकी बुलंद आवाज में देश का ध्यान खींचा जा रहा है। ‘क्लाइमेट जस्टिस प्रोटेस्ट’ (CJP) के बैनर तले हो रहा यह प्रदर्शन अब उग्र रूप ले चुका है और पूरे परिसर में जोश भरा माहौल है।
जंतर-मंतर की धरती पर आज सुबह से ही प्रदर्शनकारियों का जमावड़ा शुरू हो गया था, जो दोपहर तक एक विशाल जनसैलाब में बदल गया। प्रदर्शनकारी हाथों में तख्तियां लिए और नारों के साथ अपनी मांगों को बुलंद कर रहे हैं। विशेष रूप से, ‘क्लाइमेट जस्टिस प्रोटेस्ट’ (CJP) के कार्यकर्ता पर्यावरण संरक्षण और हाशिए पर पड़े समुदायों के लिए न्याय की आवाज उठा रहे हैं।
इस आंदोलन में सोनम वांगचुक की उपस्थिति ने प्रदर्शन को नई धार दी है। वे लगातार जनता को संबोधित कर रहे हैं और सरकार से पर्यावरण नीतियों में ठोस बदलाव लाने की अपील कर रहे हैं। उनकी बातों को सुनने के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी है, जो उनके विचारों से पूरी तरह सहमत दिख रही है।
हमारे ‘भारत एक नई सोच’ के संवाददाता ने इस मौके पर प्रमुख सामाजिक कार्यकर्ता अभिजीत दीपके से भी खास बातचीत की। दीपके ने बताया कि यह विरोध प्रदर्शन केवल एक दिन का नहीं, बल्कि देश में बिगड़ते पर्यावरणीय संतुलन और जलवायु परिवर्तन के खिलाफ एक लंबी लड़ाई का हिस्सा है। उन्होंने सरकार से इन गंभीर मुद्दों पर तत्काल ध्यान देने का आग्रह किया।
मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों की भारी तैनाती के बावजूद, प्रदर्शनकारियों का उत्साह कम नहीं हुआ है। पूरे जंतर-मंतर परिसर में "हमें न्याय चाहिए" और "पर्यावरण बचाओ" जैसे नारे गूंज रहे हैं। यह स्थिति दर्शाती है कि आम जनता अब अपने अधिकारों और पर्यावरण के भविष्य को लेकर कितनी जागरूक और मुखर हो चुकी है।
यह प्रदर्शन दिल्ली में पर्यावरण और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर बढ़ती चिंता को उजागर करता है। ‘भारत एक नई सोच’ की टीम जंतर-मंतर से इस अहम घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है और पल-पल की जानकारी आप तक पहुंचा रही है।








































































































Basic media Uno UNESCO UNICEF yah bhi Aakar Bharat ke loktantrik protest ko jarur cover Karen ki kaise Satta aam aadami ke adhikaron ko kuchal rahi hai❤❤
Press index mein Bharat 170 deshon mein 147 mein sthan per isiliye to Hai ❤❤
Desh ki rajdhani mein yuvaon ne pradarshan karke dikha diya hai ki Yuva abhi Jinda Hai Apna hak Adhikar sanvaidhanik tarike se khud lene ke liye sadkon per aaya Hai❤❤
Delhi ki Satta tanashah ki Satta Hai ise ab apni rajgaddi se bhi dar lagne Laga Hai tabhi to police ko aage karke apni gaddi bachana chahti hai❤
10000 question to protesters 0 question to government 😭
Mata jee aapko bhi polce ko utha lena chahye. Kyu ki aap logo ye protests ko more gela rahe ho
Abey tum student ko konsa right hai police ko marneka
Jo jawan tainat hai o raxchk nhi ye aur satta ke lalci wolf 🐺
Are bhai ye prajatantra nhi.sarasa janta ko murkh banane ka tarika hai.
🎉🎉🎉
मेरी बात समझो
बच्चों को और लड़कियों को मारने वाली पुलिस वाले नहीं है ।
सबके सब बिन पहचान वाले कसाई भाजपा की अपनी आर्मी RSS है ।
यह अग्रेजों बाली क्रांति है भाई अब क्रांतिकारी बनो क्रांतिकारी बनो क्रांतिकारी बनना आप की मजबूरी है जय भीम जय संविधान 😢😢😢😢😢😢😢
I hate police department tax ki salary meelta hai neta nahi deta salary.desh ke real gaddar police and neta log hai
अंबेडकर का देश बनाओ लाठी मारनेवाला टूट जायेगा
न्याय के लिए लड़नेवाले के साथ इतनी क्रुरता अच्छी नहीं है
इन लड़कों को अपने मां बाप से पूछना चाहिए कि विदेश से काला धन आयेगा साढ़े 15 लाख रुपए खाते में आएगा के चक्कर में इसी दिन के लिए नरेंदर मोदी का समर्थन किया था।
जुल्मी जब जब जुल्म करेगा सत्ता की गलियों से चप्पा चप्पा गूंज उठेगा इंकलाब के नारों से जय भीम 🙏🇮🇳💪
Kuch pulis wale jab pulis bante hai na to unka Dil patthar ka hojata
Mam
Good
Yeh , nyaay ki lalai hai , nyay ki lalai mein itni , barbarta , kyun
Sare police walon ka dil murda h* gaya hai
Jio mere desh ke sheuro