Hemant Soren Sarkar के खिलाफ सड़कों पर उतरे छात्र | Bharat Ek Nayi Soch
JSSC CGL पेपर लीक: रांची में छात्रों का महासंग्राम, पानी की बौछारों से भी नहीं डिगा जोश
रांची: झारखंड की राजधानी रांची आज एक बार फिर छात्र शक्ति के अभूतपूर्व प्रदर्शन की गवाह बनी। JSSC CGL पेपर लीक मामले को लेकर हजारों की संख्या में छात्रों ने सड़कों पर उतरकर हेमंत सोरेन सरकार के खिलाफ जोरदार महाआंदोलन किया।
ग्राउंड जीरो से मिली रिपोर्ट के अनुसार, आक्रोशित छात्रों ने JSSC CGL परीक्षा को तत्काल रद्द करने और इस पूरे प्रकरण की केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच कराने की मांग को लेकर अपनी आवाज बुलंद की। हाथों में तख्तियां लिए और "परीक्षा रद्द करो, CBI जांच कराओ" जैसे नारों के साथ पूरा इलाका गूंज उठा।
प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने पुख्ता इंतजाम किए थे। विभिन्न स्थानों पर भारी बैरिकेडिंग लगाई गई और जब छात्र आगे बढ़ने की कोशिश करने लगे, तो उन्हें तितर-बितर करने के लिए वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया गया।
हालांकि, छात्रों का जोश और दृढ़ संकल्प कम नहीं हुआ। पानी की तेज बौछारें और पुलिस की सख्ती भी उन्हें अपने आंदोलन से डिगा नहीं पाई। इस महाआंदोलन में छात्राओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही, जिन्होंने डटकर पुलिस का सामना किया और अपनी मांगों पर अड़ी रहीं।
यह प्रदर्शन झारखंड में बार-बार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों के प्रति युवाओं में बढ़ते असंतोष को दर्शाता है। छात्रों का आरोप है कि ऐसे मामले मेहनती और योग्य उम्मीदवारों के सपनों को कुचल रहे हैं।
फिलहाल, छात्र अपनी मांगों को लेकर अडिग हैं और उन्होंने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, यह आंदोलन जारी रहेगा। हेमंत सोरेन सरकार के लिए यह प्रदर्शन एक बड़ी चुनौती बनकर उभरा है, जिसे जल्द से जल्द हल करने का दबाव बढ़ रहा है।
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JSSC CGL पेपर लीक मामले में झारखंड सरकार के रवैये और छात्रों पर पुलिस द्वारा वाटर कैनन चलाने पर आपकी क्या राय है? क्या छात्रों की CBI जांच की मांग जायज है? कमेंट करके जरूर बताएं, हम आपके हर कमेंट को पढ़ रहे हैं! 👇
छात्रों की सही मांग है