Jantar Mantar Protest: संसद भवन मार्च पर हिल गयी मोदी सरकार! | Bharat Ek Nayi Soch
दिल्ली में छात्रों का उग्र प्रदर्शन: जनपथ-अशोक रोड पर पुलिस-छात्रों में भारी टकराव, लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल
दिल्ली: राजधानी दिल्ली के जनपथ और अशोक रोड पर छात्रों का विशाल प्रदर्शन आज दोपहर उग्र हो गया। संसद की ओर मार्च कर रहे प्रदर्शनकारी छात्रों को रोकने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया था, जिसके बाद पुलिस और छात्रों के बीच भीषण टकराव देखने को मिला।
मौके पर स्थिति तनावपूर्ण बनी रही, जहां छात्रों और पुलिसकर्मियों के बीच जमकर पत्थरबाजी हुई। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली पुलिस को लाठीचार्ज का सहारा लेना पड़ा, जिससे प्रदर्शनकारी छात्रों में भगदड़ मच गई।
स्थिति को और बिगड़ने से रोकने तथा भीड़ को तितर-बितर करने के उद्देश्य से पुलिस ने आंसू गैस (Tear Gas) के कई गोले भी दागे। इस पूरे टकराव के दौरान, कई छात्रों और पुलिसकर्मियों को गंभीर चोटें आई हैं। घायलों को तत्काल उपचार के लिए नजदीकी अस्पतालों में ले जाया गया है।
‘भारत एक नई सोच’ की टीम ने मौके से मिली जानकारी के अनुसार, छात्रों का यह प्रदर्शन एक विशेष मांग को लेकर था, लेकिन यह जल्द ही हिंसक झड़प में तब्दील हो गया। राजधानी की प्रमुख सड़कों पर इस तरह के टकराव ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन स्थिति पर कड़ी नजर रखे हुए है और अतिरिक्त बल की तैनाती की गई है।








































































































सड़क पर उतरे इन छात्रों की मांगों और दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई पर आपकी क्या राय है? क्या इस टकराव को टाला जा सकता था? अपने विचार नीचे कमेंट्स में जरूर साझा करें, हम आपके हर कमेंट को पढ़ रहे हैं। 👇
Yah Kisan Nahin jng Hai Disha aur Dasha donon badalne ki takat rakhte Hain
मोदी के नाम बदल कर हो या सरेंडर मोदी मोदी तुम चोर हो
पुलिस बहुत बरी ग़लती कर रहा है आंसू कैस नहीं चलना चाहिए पुलिस और छात्रों छात्राओं पास में मिल कर काम करे खता है बीजेपी लड़ाई दोनों के बीच हो रहा है फ़ायदा मोदी अमित शाह के मंडली को हो रहा है
Ab NEPAL 2.0 start krna hoga.Ab NEPAL 2.0 start krna hoga.
Aap true baat kar rahi.👍👍👍best reporter.
BJP ke gunde honge
😂
Axa hai police walo ko bi lge…etna bchcho ko mara
🇮🇳🙏
विनय संघर्ष के यह सरकार मानने वाले नहीं है इस पर तन मन धन मजबूती से लड़ाई करनी पड़ेगी धर्मेंद्र प्रधान का जब तक इस्तीफा नहीं होता जब तक यह लड़ाई करनी पड़ेगी